अयोध्या /( सुनील शर्मा) Ram Mandir: पूरे देश में रामनवमी की धूम है। अयोध्या में राम मंदिर में आज के दिन विशेष व्यस्था की गई है। दोपहर के समय राम लला की मूर्ति के माथे का सूर्य की किरण से अभिषेक किया गया। प्रंदिर प्रबंधन ने विज्ञान का इस्तेमाल कर 5.8 सेंटीमीटर प्रकाश की किरण के साथ रामलला का 'सूर्य तिलक' किया है। इस मौके पर 10 भारतीय वैज्ञानिकों की एक टीम राम मंदिर में तैनात थी। दोपहर 12 बजे से लगभग 3 से 3.5 मिनट तक दर्पण और लेंस का उपयोग करके सूर्य की रोशनी को रामलला की मूर्ति के माथे पर सटीक रूप से स्थापित किया गया। वैज्ञानिकों की टीम ने इसके लिए अथक प्रयास किया है।। वैज्ञानिकों ने दर्पण और लेंस से युक्त एक उपकरण तैयार किया था। एनडीटीवी ने अपनी एक रिपोर्ट में सेंट्रल बिल्डिंग रिसर्च इंस्टीट्यूट (सीबीआरआई), रूड़की के वैज्ञानिक और निदेशक डॉ. प्रदीप कुमार रामचार्ला के हवाले से कहा किऑप्टोमैकेनिकल सिस्टम के तहत इसे अंजाम दिया गया।।
उन्होंने कहा, "ऑप्टो-मैकेनिकल सिस्टम में चार दर्पण और चार लेंस होते हैं जो पाइपिंग सिस्टम के अंदर फिट होते हैं। एक एपर्चर के साथ पूरा कवर ऊपरी मंजिल पर रखा जाता है। दर्पण और लेंस के माध्यम से सूर्य की किरणों को गर्भ गृह की तरफ मोड़ा जा सके।"।
0 Comments